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भाव

दशम भाव

कर्म

कैसे पढ़ें

कारकसूर्य वर्गकेन्द्र और उपचय विषयकरियर, कर्तव्य, पद शरीरघुटना

कर्म भाव वह कर्म है जिसका नाम संसार ले सके। सूर्य अधिकार और दृश्यता के कारक हैं। व्यापार के लिए बुध और श्रम तथा धैर्य के लिए शनि पढ़े जाते हैं। केन्द्र होने से यह स्तंभ है, और उपचय होने से काम से बढ़ता है। यहाँ पद क्रिया के बाद आता है, इसलिए दशम का राशिफल महत्वपूर्ण काम और उसके दबाव की बात करता है।

जन्म कुंडली में यह भाव लग्न से गिना जाता है। आज के राशिफल में “चंद्र दशम भाव में” उस राशि से दसवाँ चंद्र है। यह जन्म का दशम भाव नहीं है।

सूर्य · लग्न से देखें · बारह राशियाँ

प्रश्न

दशम भाव

दशम भाव का अर्थ क्या है?

करियर, कर्तव्य, पद और वह काम जो दूसरे देख सकते हैं।

करियर का कारक कौन है?

अधिकार का प्राकृतिक कारक सूर्य है। व्यापार के लिए बुध और निरंतर श्रम के लिए शनि पढ़े जाते हैं। दशमेश इस भाव की राशि का स्वामी है।

करियर का फल दशम से क्यों शुरू होता है?

यह कर्म भाव है, सार्वजनिक क्रिया का केन्द्र। पूरा फल दशमेश और इस भाव को देखने वाले ग्रहों के साथ पढ़ा जाता है।